Home मध्यप्रदेश दस जुलाई को ‘लाड़ली बहना योजना’ की जारी होगी दूसरी किश्त….

दस जुलाई को ‘लाड़ली बहना योजना’ की जारी होगी दूसरी किश्त….

0

भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान 10 जुलाई को 1.25 करोड़ से अधिक बहनों के खाते में ‘मुख्यमंत्री लाड़ली बहना’ योजना की राशि डालेंगे। इसकी जानकारी सीएम के टि्वटर हैंडल से दी गई है। मुख्यमंत्री इंदौर से प्रदेश की 1.25 करोड़ से अधिक बहनों के खाते में राशि सिंगल क्लिक से डालेंगे। यह कार्यक्रम इंदौर के सुपर कारिडोर ग्राउंड में होगा। वह प्रदेश के सभी जिलों में मौजूद लाड़ली बहनों को वर्चुअली संबोधित भी करेंगे। सीएम ऑफिस के ट्वीट में लिखा गया है कि बहनों की जरूरतें पूरी हो रही हैं। उनके सपने साकार हो रहे हैं। हर बहन के खाते में फिर 1 हजार रुपये आएंगे। सीएम शिवराज ने कहा है कि मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना प्रदेश की बहनों के आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण की पहल है। अब बहनें विभिन्न योजनाओं का लाभ पात्र लोगों को दिलवाने में भी जुटी है। उन्हें सरकारी योजनाओं की जानकारी लोगों तक पहुंचाने और समाज में बदलाव के लिए प्रेरित करने के संबंध में ट्रेनिंग भी दी जाएगी, ताकि समाज अधिक से अधिक लोगों तक सरकारी योजनाएं पहुंच सकें। इसके साथ ही सीएम 10 जुलाई को ही धार जिले में हो रहे लाड़ली बहना सम्मेलन में भी हिस्सा लेंगे। उनको समाज में बदलाव का काम करने की शपथ भी दिलाई जाएगी। प्रत्येक जिले में गठित लाड़ली बहना सेना को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे वह आगे आकर नेतृत्व कर सकें।

101 फीट लंबी राखी भेंट करेंगी बहनें

इस दौरान बहनों भी सीएम के प्रति अपना आभार जताएंगी। बहनों द्वारा इंदौर में सीएम को 101 फीट लंबी राखी भेंट की जाएगी। महिला स्वतंत्रता सेनानियों की जानकारी देने वाली चित्र प्रदर्शनी भी लगेगी। लाड़ली बहना सम्मेलन में विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इंदौर में जानकी बैंड की प्रस्तुति, भगोरिया लोक नृत्य, अन्य जनजातीय लोक नृत्य प्रदर्शित किए जाएंगे। चित्रकला और रंगोली की साज-सज्जा भी की जाएगी और साथ ही पिंक साइकिल रैली भी निकलेगी। सीएम चाहते हैं कि ज्यादा से ज्यादा महिलाओं को इसका लाभ मिले, इसी कारण से इसकी पात्रता में छूट भी प्रदान की गई है। लाड़ली बहना योजना में अभी 23 से 60 वर्ष आयु की महिलाओं को लाभ देने का प्रवधान है। लेकिन सीएम निर्देश दिए हैं कि 21 तक साल की महिलाओं भी इसका लाभ दिया जाए। वहीं जिन परिवारों के पास ट्रैक्टर हैं, उनकी महिलाओं को भी पात्र माना गया है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here